साल 2025 में भी वो देश 2016 में अटका है – जानिए क्यों!
आपने सोशल मीडिया पर यह सुना होगा कि एक देश ऐसा है जहाँ अभी भी साल 2016 चल रहा है।
सुनने में अजीब लगे, पर इसमें एक बड़ी दिलचस्प वजह है। चलिए जानते हैं पूरी कहानी।
उस देश का नाम है इथियोपिया (Ethiopia)। यह अफ्रीका महाद्वीप में स्थित एक देश है, जिसकी संस्कृति और कैलेंडर प्रणाली पूरी दुनिया से अलग है।
थियोपिया में
इथियोपियन कैलेंडर
का इस्तेमाल होता है। यह ग्रेगोरियन कैलेंडर (जो दुनिया में सबसे ज्यादा उपयोग होता है) से लगभग
7 से 8 साल पीछे
है।
इसलिए यहाँ अभी
साल 2016
चल रहा है जबकि दुनिया के ज़्यादातर देशों में
2025
है।
ग्रेगोरियन कैलेंडर: जनवरी से दिसंबर का होता है। इथियोपियन कैलेंडर: 13 महीने( नया साल सितंबर में शुरू होता है।) का होता है।
इथियोपियन कैलेंडर की गणना यीशु मसीह के जन्म को लेकर अलग मानी गई है। यह प्रणाली प्राचीन चर्च और धार्मिक परंपराओं से जुड़ी है।
इसलिए यहाँ सालों की गिनती भी अलग तरीके से होती है। नहीं! यहाँ लोग आधुनिक तकनीक, शिक्षा और विज्ञान में भी आगे बढ़ रहे हैं।
बस उनकी समय-गणना अलग है। जैसे भारत में हिंदू पंचांग अलग होता है, वैसे ही यहाँ का कैलेंडर अलग है।
इथियोपिया की संस्कृति भी अनोखी है। यहाँ ऑर्थोडॉक्स ईसाई धर्म का गहरा प्रभाव है।
त्योहार अलग समय पर मनाए जाते हैं। पारंपरिक भोजन, संगीत और पहनावा बहुत खास है। यहाँ का इतिहास हजारों साल पुराना है।
ज़रूर! यह देश प्राकृतिक सुंदरता, पहाड़ों, झीलों और ऐतिहासिक चर्चों से भरा हुआ है।
यहाँ जाकर आप न सिर्फ नए अनुभव पाएँगे बल्कि एक अलग कैलेंडर प्रणाली के बारे में भी जानेंगे।
अब जब अगली बार कोई कहे कि “वो देश जहाँ अभी भी 2016 चल रहा है”, तो आप उसे इथियोपिया का सही जवाब दे सकते हैं।
अगर आपको यह जानकारी पसंद आई हो तो इस स्टोरी को लाइक करें, शेयर करें और अपनी राय हमें कमेंट बॉक्स में ज़रूर बताइए। ऐसे ही रोचक और अनोखी जानकारियाँ देखने के लिए हमारी वेबसाइट पर भी विज़िट करें।